परिचर्चा -होली में ससुराल, रीता जयहिन्‍द

होली का त्यौहार और ससुराल – जब घर में नई दुल्हन आती है तो सभी ससुराल वाले अत्यधिक प्रसन्न रहते हैं कि हमारी बहू का पहला त्यौहार है और वे उसे धूमधाम से मनाना चाहते […] Read More

परिचर्चा -होली में ससुराल ‘राजीव नामदेव ‘राना लिधौरी

होली का त्यौहार और ससुराल का जिक्र न हो। ससुराल का नाम आते ही जीजा और सारी की प्रसिद्ध होली प्रसंग याद आ ही जाते हैं। जो मजा सारी के साथ होली खेलने का है […] Read More

होली में ससुराल-मधु शंखधर

अभी -अभी तो ब्याह हुआ है, नूतन नवल किशोरी से। बचपन की तन्द्रा टूटी थी, नटखट गाँव की गोरी से। खुशियाँ ही खुशियाँ छाईं थीं, पत्नी का सुख पाने से। ऋतु बसंती भी छाई थी, […] Read More

सिसक रहे आज होली के रंग-आशा जाकड़

सिसक रहे हैं आज होली के रंग। महंगाई ने कर दिया रंग – बदरंग ।। लाल रंग अब लहू बनके बह रहा, पीला रंग कायर बन मुंह छुपा रहा । हरी- भरी धरती अब कहाँ […] Read More

होली के हाइकु-आशा जाकड़

होली के रंग लाये नयी उमंग खुशी के संग रंगों की होली अक्षत अरु रोली मस्ती की टोली गुलाबी, पीला जीवन हो रंगीला हो.चमकीला आओ झूम लें रंगों के पर्व में खुशी ढूंढ लें गेहूँ […] Read More

होली के रंग बसंत के संग

मचालो धूम मिलकर के, चलो  इस बार होली में नहीं  बाकी  रहे  कोई,  कसर दिलदार होली में रँगों के साथ धुल जाये, जमा हर मैल नफरत का घृणा जल राख हो जाये,  बचे  बस प्यार […] Read More

आ जा पी ले भंग भायला- विश्वम्भर पाण्डेय ‘व्यग्र’

आ जा पी ले भंग भायला होड़ी  खैल्यां संग भायला एक के दो दो दीखे मोकूं कैसी  दे  दई  भंग भायला तन मन दोनूं रंग जावेला मत कर मोकूं तंग भायला अनूठो  देवर-भाभी  रिश्तो घर-घर […] Read More

डाक विभाग ने 202 गाँवों को बनाया शत-प्रतिशत सुकन्या समृद्धि ग्राम

आज का दौर बेटियों का है। बेटियाँ समाज में नित नये मुकाम हासिल कर रही हैं। बेटियाँ पढेंगी तो बेटियां बढ़ेंगी, पर इसके लिए जरुरी है कि उनकी उच्च शिक्षा के लिए पर्याप्त प्रबंध किये जाएँ। ‘बेटी […] Read More

जीवन का सफर-मुस्कान चाँदनी

जीवन के सफर में कितने अकेले है हम भीड़ तो लगी है चारो तरफ पर मायूस खड़े हैं हम तन्हाईयों में लिपटी हुई, है मेरी राते खामोश लवो से निकल रही है आहें कितने मजबूर […] Read More

होली आई-गोपाल कौशल

 होली आई जंगल के राजा शेर  ने एक सभा बुलाई । प्रहलाद की भक्ति व होली की बात बताई ।। खेलेगे जमकर कल होली हम  सब भाई । द्वेषता – नफरत  से सदा मुसीबत आई […] Read More